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बबूल का पेड़

हिंदी - यूकेजी (खेल-खेल में सीखना)

बबूल का पेड़

सीखने के परिणाम (एनसीएफ और एनईपी ईसीसीई लक्ष्यों के अनुसार)

इस अध्याय से बच्चे सीखेंगे:
  • कहानी के मुख्य पात्र और घटना क्रम को समझ सकेगा
  • संतुष्टि और स्वीकार्यता के महत्व को समझेगा
  • प्रकृति और पेड़-पौधों के प्रति संवेदनशीलता विकसित करेगा
  • कहानी से नैतिक शिक्षा ग्रहण करेगा
(वीडियो स्थान - बबूल का पेड़ कहानी)

कहानी का परिचय

यह कहानी एक बबूल के पेड़ के बारे में है जो अपने कांटों से नाखुश था। वह हमेशा दूसरे पेड़ों की तरह सुंदर पत्तियाँ चाहता था। लेकिन हर बार जब उसकी इच्छा पूरी होती, तो नई समस्याएं आ जातीं। कहानी हमें संतुष्ट रहने और जो हमारे पास है उसकी कद्र करने की सीख देती है।
😊
😔
🤔
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बच्चों से पूछें: "तुम कभी ऐसा महसूस करते हो कि तुम्हें किसी और की तरह बनना चाहिए? क्यों?" उन्हें अपनी भावनाएं व्यक्त करने के लिए प्रोत्साहित करें।
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कहानी का पहला भाग

गतिविधि - चित्र रंगो

बबूल के पेड़ को रंगो और सजाओ।

बबूल का पेड़ कांटों के साथ
बबूल का पेड़

चित्र पर रंग भरने के लिए "ड्राइंग चालू करें" बटन पर क्लिक करें

टूल्स
रंग
ब्रश आकार
5px
एक बार की बात है, एक बबूल का पेड़ था। उसके पास काँटे थे और वह इससे नाखुश रहता था। वह बोला, "काश मेरे पास भी दूसरे पेड़ों की तरह साधारण हरी पत्तियाँ होतीं।" एक दिन उसकी इच्छा पूरी हो गई। बबूल के पेड़ पर नरम हरी पत्तियाँ आ गई।
बच्चों से पूछें: "तुम्हारे विचार में बबूल का पेड़ क्यों नाखुश था? क्या तुम कभी ऐसा महसूस करते हो?"
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कहानी का दूसरा भाग

गतिविधि - चित्र रंगो

बबूल के पेड़ की अलग-अलग पत्तियों को रंगो।

कांटे
कांटे
हरी पत्तियाँ
हरी पत्तियाँ
सोने की पत्तियाँ
सोने की पत्तियाँ
कांच  की पत्तियाँ
कांच की पत्तियाँ
थोड़ी ही देर में एक बकरी आई और उसने सारी पत्तियाँ खा लीं। बबूल का पेड़ बहुत दुखी हो गया। फिर बबूल ने सोचा, "काश मेरी पत्तियाँ सोने की होतीं!" उसकी यह इच्छा भी पूरी हो गई। पत्तियाँ सोने की बन गई। रात में एक चोर आया और सारी सोने की पत्तियाँ चुरा ले गया। बबूल का पेड़ फिर से दुखी हो गया।
बच्चों से पूछें: "बबूल के पेड़ की हरी पत्तियाँ किसने खा लीं? सोने की पत्तियाँ किसने चुरा लीं?" उन्हें कहानी को याद करने में मदद करें।
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कहानी का अंत और अभ्यास

कहानी का समापन

अब बबूल ने इच्छा की, "मेरी पत्तियाँ कौंच की हो जाएँ, ताकि कोई उन्हें छू न सके।" उसकी यह इच्छा भी पूरी हो गई। पत्तियाँ कौंच की बन गईं। एक दिन तेज़ आँधी-तूफान आया। कौंच की पत्तियाँ टूटकर नीचे गिर गईं। अंत में बबूल को समझ आया कि उसके मूल कांटे ही उसके लिए सबसे अच्छे हैं, क्योंकि वे उसे हर मौसम में सुरक्षित रखते थे।

कहानी के क्रम को सही करो

नीचे दी गई घटनाओं को सही क्रम में लगाओ:

बबूल के पास काँटे थे
बबूल को हरी पत्तियाँ मिलीं
बकरी ने हरी पत्तियाँ खा लीं
बबूल को सोने की पत्तियाँ मिलीं
चोर ने सोने की पत्तियाँ चुरा लीं
बबूल को कौंच की पत्तियाँ मिलीं
तूफान में कौंच की पत्तियाँ टूट गईं
बबूल को समझ आया कि काँटे ही अच्छे हैं

कहानी की सीख लिखो

इस कहानी से हमें क्या सीख मिलती है?

सही उत्तर चुनो

बबूल के पेड़ ने अंत में क्या सीखा?

दूसरों की तरह बनना चाहिए
जो हमारे पास है उसकी कद्र करनी चाहिए
हमेशा और अधिक चाहिए
बबूल का पेड़ को अपनी किताब मे रंग भरें
बबूल का पेड़

यहाँ पर इस चित्र मे रंग नहीं भरी जा सकती है, इसे अपने किताब मे रंग भरें

टूल्स
रंग
ब्रश आकार
5px
बच्चों को सिखाएं कि कहानी ने जो शिक्षा दी है - संतुष्ट रहना और जो हमारे पास है उसकी कद्र करना - उसे अपने जीवन में अपनाएं। हर किसी के पास कुछ खास होता है।
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